रायपुर : 22 जुलाई 2025
रायपुर में लोगों को घर के पास ही स्वास्थ्य सुविधाएं देने के लिए शुरू की गई हमर क्लीनिक योजना बदहाली की स्थिति में पहुंच गई है। स्वतंत्र छत्तीसगढ़ ने शहर के 10 से अधिक क्लीनिकों की पड़ताल की, जिसमें अधिकांश जगह डॉक्टर अनुपस्थित मिले। 52 में से 25 क्लीनिकों में डॉक्टर नहीं हैं।
कई क्लीनिक एक कमरे में संचालित हो रहे हैं, जहां न बाथरूम है, न मरीजों के लिए बेड। दवाइयों की भी भारी कमी है। कई जगह टिटनेस जैसे जरूरी इंजेक्शन तक उपलब्ध नहीं हैं। देवेंद्र नगर और त्रिमूर्ति नगर जैसे क्षेत्रों में नर्सें मरीजों को देखकर दवाइयां दे रही हैं। मठपारा में फार्मासिस्ट ही इलाज कर रहा है।
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सीएमएचओ डॉ. मिथिलेश चौधरी के मुताबिक, मेडिकल ऑफिसरों की भारी कमी है और वर्षों से भर्ती बंद है। जहां दवाइयों या संसाधनों की कमी है, वहां निरीक्षण कराया जा रहा है। हमर क्लीनिक योजना का उद्देश्य अच्छा था, लेकिन जमीनी हालात इसके विपरीत हैं। बिना डॉक्टर और पर्याप्त संसाधनों के यह योजना केवल नाम मात्र बनकर रह गई है।
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