सुकमा : 15 जुलाई 2025
नक्सलियों की केंद्रीय कमेटी ने एक प्रेस नोट और 24 पेज की बुकलेट जारी कर स्वीकार किया है कि पिछले एक वर्ष में 357 नक्सली मारे गए हैं, जिनमें 136 महिला नक्सली, 4 केंद्रीय कमेटी सदस्य, और 15 राज्य कमेटी के वरिष्ठ नेता शामिल हैं। इसमें से 281 नक्सली केवल दंडकारण्य क्षेत्र में मारे गए।
संगठन ने इसे अपनी अब तक की सबसे बड़ी क्षति माना है। प्रेस नोट में माना गया है कि यह नुकसान सुरक्षा बलों की आक्रामक कार्रवाई, तकनीकी निगरानी, और स्थानीय जनता के सहयोग के कारण हुआ है।
28 जुलाई से 3 अगस्त तक शहीदी सप्ताह
नक्सली संगठन ने मारे गए साथियों की याद में 28 जुलाई से 3 अगस्त तक “शहीदी सप्ताह” मनाने की घोषणा की है। इस दौरान नक्सली पोस्टर, बैनर, जनसभाएं आदि के जरिए अपनी गतिविधियों को अंजाम दे सकते हैं।
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प्रशासन हाई अलर्ट पर
नक्सलियों की इस घोषणा को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियों ने अलर्ट जारी कर दिया है। संवेदनशील इलाकों में गश्त, सर्च ऑपरेशन और इंटेलिजेंस निगरानी को और तेज कर दिया गया है ताकि किसी भी तरह की हिंसक गतिविधि या प्रचार को रोका जा सके।
संगठन की स्वीकारोक्ति के निहितार्थ
विशेषज्ञों के अनुसार, नक्सल संगठन की यह स्वीकारोक्ति दर्शाती है कि उनका ढांचा कमजोर हो रहा है। सुरक्षा बलों की रणनीति और जनता का बढ़ता सहयोग नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में बदलाव ला रहा है।
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