रायपुर : 15 जुलाई 2025
छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विस कॉरपोरेशन (CGMSC) एक बार फिर सवालों के घेरे में है। अस्थमा, एलर्जी, गठिया और आंतों की सूजन के इलाज में इस्तेमाल की जाने वाली प्रेडनिसोलोन टैबलेट (बैच नंबर T-240368) की गुणवत्ता संदिग्ध पाई गई है। स्वास्थ्य विभाग ने इस दवा के उपयोग और वितरण पर तत्काल रोक लगा दी है।
निर्माता कंपनी सनलाइफ साइंसेस द्वारा बनाई गई यह दवा जुलाई 2024 में निर्मित हुई थी और जून 2026 तक वैध है। फिलहाल इसकी तकनीकी खामी की जांच जारी है। रायपुर और बलौदाबाजार सहित सभी जिलों के सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों को निर्देश दिया गया है कि दवा को अलग सुरक्षित स्थान पर रखा जाए और मरीजों को न दी जाए।
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यह पहली बार नहीं है जब CGMSC की आपूर्ति पर सवाल उठे हों। हाल ही में सर्जिकल ब्लेड की गुणवत्ता को लेकर भी मामला सामने आया था। विशेषज्ञों का कहना है कि बिना परीक्षण के स्टेरॉइड जैसी दवाओं का वितरण मरीजों की जान के लिए खतरा बन सकता है।
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