रायपुर : 04 अगस्त 2025
भारतमाला परियोजना में सामने आए मुआवज़ा घोटाले की जाँच में हो रही देरी को लेकर अब वरिष्ठ प्रशासनिक स्तर पर चिंता बढ़ने लगी है। तय समयसीमा के अनुसार जाँच एक सप्ताह में पूरी होनी थी, लेकिन एक माह बीत जाने के बावजूद रिपोर्ट अब तक सामने नहीं आई है।
जानकारी के अनुसार, इस मामले में 150 से अधिक दावा-आपत्तियाँ अब भी लंबित पड़ी हैं, जिनका अब तक कोई निराकरण नहीं हुआ है। प्रभावित किसानों और ज़मीन मालिकों ने मुआवज़ा निर्धारण में भारी अनियमितताओं की शिकायतें दर्ज कराई थीं। आरोप है कि कुछ ज़मीनों को बाज़ार दर से कई गुना अधिक दर पर दिखाकर मुआवज़ा वितरण में करोड़ों रुपये का घोटाला किया गया है।
सूत्रों के अनुसार, आज संभागीय कमिश्नर स्वयं जाँच की प्रगति की समीक्षा करेंगे। विभागीय अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगा जा सकता है कि क्यों तय अवधि में रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की गई और दावा-आपत्तियों का समाधान क्यों नहीं हुआ। ग्रामीणों और प्रभावित पक्षों में इस देरी को लेकर नाराज़गी बढ़ रही है। उनका कहना है कि दोषियों को बचाने की कोशिश की जा रही है और प्रशासनिक लापरवाही के कारण उन्हें न्याय मिलने में देरी हो रही है।
मुख्य बिंदु:
- भारतमाला परियोजना में मुआवज़ा वितरण को लेकर सामने आए घोटाले की जाँच में हो रही देरी
- 150 से अधिक दावा-आपत्तियों का अब तक नहीं हुआ निराकरण
- तय समयसीमा एक सप्ताह, एक माह बाद भी नहीं आई रिपोर्ट
- आज कमिश्नर स्वयं करेंगे प्रगति की समीक्षा
अब देखना यह होगा कि कमिश्नर की समीक्षा बैठक के बाद क्या कोई ठोस कार्रवाई होती है या फिर यह मामला और खिंचता है।
www.swatantrachhattisgarh.com व्हाट्सअप ग्रुप से जुड़ने के लिए लिंक: https://chat.whatsapp.com/BbNFAy9gDg1E4s1kHkjJrG यूट्यूब से जुड़ने के लिए लिंक : https://www.youtube.com/@swatantrachhattisgarh whatsapp चैनल से जुड़ने के लिए लिंक :https://whatsapp.com/channel/0029VaSGTZ1Lo4hYCjY45G2q ट्विटर से जुड़ने के लिए लिंक: https://x.com/c35509


