रायपुर/छत्तीसगढ़
हाइलाइट बॉक्स
रायपुर के भनपुरी इंडस्ट्रियल एरिया स्थित टार प्रोडक्ट्स फैक्ट्री में शनिवार दोपहर उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब दोपहर करीब 1 बजे अचानक भीषण आग भड़क उठी। फैक्ट्री में मौजूद ऑयल, केमिकल और टायर जैसे ज्वलनशील पदार्थों के कारण आग तेजी से फैलती चली गई और स्थिति इतनी भयावह हो गई कि करीब 22 किलोमीटर दूर तक काले धुएं का गुब्बार दिखाई देने लगा। आग बुझाने के दौरान पानी की भारी कमी एक बड़ी चुनौती बनी, जिससे फायर ब्रिगेड को काफी मशक्कत करनी पड़ी। लगभग पांच घंटे की कड़ी मेहनत के बाद शाम करीब 6 बजे आग पर काबू पाया जा सका। राहत की बात यह रही कि समय रहते फैक्ट्री को खाली करा लिया गया, जिससे किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
आग की भयावहता और इलाके में दहशत
राजधानी रायपुर के खमतराई थाना क्षेत्र अंतर्गत भनपुरी इंडस्ट्रियल एरिया में शनिवार दोपहर उस वक्त हड़कंप मच गया, जब टार प्रोडक्ट्स फैक्ट्री से अचानक धुएं का गुब्बार उठता दिखाई दिया। कुछ ही मिनटों में आग ने विकराल रूप ले लिया और फैक्ट्री के एक बड़े हिस्से को अपनी चपेट में ले लिया। आग इतनी भीषण थी कि करीब 22 किलोमीटर दूर से भी काले धुएं का गुबार नजर आने लगा। आसपास के इलाके में धुएं की चादर छा गई, जिससे लोगों में डर और अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
फायर ब्रिगेड की मशक्कत, पानी की कमी बनी बड़ी चुनौती
सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं, लेकिन फैक्ट्री में टार प्रोडक्शन के लिए रखे ऑयल, केमिकल और ज्वलनशील सामग्री के कारण आग लगातार फैलती रही। शुरुआती तीन घंटे में फायर ब्रिगेड की चार पानी की टंकियां खाली हो गईं। इलाके में पानी की भारी किल्लत के चलते दूर-दराज के फायर स्टेशन से अतिरिक्त वाहन मंगाने पड़े। लगभग पांच घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद शाम 6 बजे के करीब आग पर काबू पाया जा सका। इस दौरान पुलिस ने अनाउंसमेंट कर भीड़ को हटाया और पूरे परिसर को खाली कराया।
शॉर्ट सर्किट की आशंका, जांच जारी
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग की शुरुआत पहले खाली टंकियों और टायरों से हुई, जो धीरे-धीरे पूरे हिस्से में फैल गई। मौके पर मौजूद निरीक्षक राजेश सिंह ने बताया कि समय रहते फैक्ट्री को खाली करा लिया गया, जिससे किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका जताई जा रही है, हालांकि आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी। आग से फैक्ट्री में रखे कच्चे माल और मशीनरी को भारी नुकसान पहुंचा है। बताया जा रहा है कि यह फैक्ट्री रायपुर निवासी धारीवाल परिवार की है। घटना ने एक बार फिर औद्योगिक क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा और आपात व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।


