रायपुर / छत्तीसगढ़
हाइलाइट बॉक्स:
- रायपुर प्रेस क्लब के होली मिलन व “महामूर्ख सम्मेलन 2026” में सीएम की सहभागिता
- नगाड़े पर थाप देकर फाग गीतों के बीच रचा उल्लास का रंग
- मिर्ची की माला और त्रिशूलनुमा पिचकारी से हुआ अनोखा स्वागत
- होली विशेषांक ‘नानसेंस टाइम्स’ का विमोचन, भाईचारे का संदेश
उत्सव का मंच और सादगी का अलग रंग
रायपुर में आयोजित होली मिलन समारोह और पारंपरिक “महामूर्ख सम्मेलन 2026” के दौरान छत्तीसगढ़ की राजनीति में सादगी के प्रतीक माने जाने वाले मुख्यमंत्री विष्णु देव साय एक अलग ही अंदाज में नजर आए। आमतौर पर गंभीर प्रशासनिक बैठकों और नीतिगत निर्णयों में व्यस्त रहने वाले मुख्यमंत्री ने इस सांस्कृतिक आयोजन में पत्रकारों के साथ रंग-गुलाल साझा किया और खुले मन से उत्सव में भाग लिया। कार्यक्रम का आयोजन रायपुर प्रेस क्लब द्वारा किया गया था, जो वर्षों से होली के अवसर पर व्यंग्य और परंपरा का अनूठा संगम प्रस्तुत करता रहा है।
‘नगाड़ा अवतार’ और लोक संस्कृति की गूंज
कार्यक्रम का सबसे यादगार क्षण तब आया जब मुख्यमंत्री ने स्वयं पारंपरिक वाद्य यंत्र नगाड़ा संभाला। जैसे ही उनकी थाप गूंजी, फाग गीतों की स्वर लहरियों के बीच माहौल उल्लास से भर उठा। पत्रकारों और अतिथियों ने तालियों की गड़गड़ाहट से उनका उत्साहवर्धन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि होली केवल रंगों का पर्व नहीं, बल्कि दिलों को जोड़ने और मतभेद मिटाने का अवसर है। नगाड़े की गूंज के साथ उन्होंने प्रदेश की समृद्ध लोक परंपराओं को जीवंत बनाए रखने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
मिर्ची की माला और चुटीला स्वागत

प्रेस क्लब की परंपरा के अनुरूप मुख्यमंत्री का स्वागत अनोखे अंदाज में किया गया। उन्हें फूलों की जगह मिर्ची की माला पहनाई गई और त्रिशूलनुमा पिचकारी भेंट की गई, जिसने माहौल को हंसी-ठिठोली से भर दिया। इसी अवसर पर होली विशेषांक ‘नानसेंस टाइम्स’ का विमोचन भी हुआ। व्यंग्य और हास्य से परिपूर्ण इस विशेषांक को पत्रकारों ने सामाजिक संवाद का माध्यम बताया। मुख्यमंत्री ने इसे स्वस्थ लोकतंत्र की पहचान बताते हुए मीडिया की भूमिका की सराहना की।
जनप्रतिनिधियों और पत्रकारों की गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के साथ उनके मीडिया सलाहकार पंकज झा, सलाहकार आर. कृष्णा दास, सांसद संतोष पांडेय और विधायक सुनील सोनी सहित अनेक गणमान्य उपस्थित रहे। प्रेस क्लब के अध्यक्ष मोहन तिवारी और पत्रकार साथियों ने आत्मीय अभिनंदन किया। रंगों और गीतों के बीच यह आयोजन राजनीतिक और मीडिया जगत के रिश्तों में संवाद और सौहार्द की नई परत जोड़ता दिखा।
सकारात्मक संदेश और सामाजिक सरोकार
होली के इस आयोजन ने यह स्पष्ट किया कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में संवाद, व्यंग्य और सांस्कृतिक सहभागिता की अपनी महत्ता है। मुख्यमंत्री ने कामना की कि यह उल्लास समाज में सकारात्मकता और भाईचारे का संदेश फैलाए। कार्यक्रम ने यह भी दिखाया कि सार्वजनिक जीवन के शीर्ष पद पर आसीन व्यक्ति जब लोक परंपराओं से जुड़ता है, तो वह जनसरोकारों के और करीब नजर आता है।
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