ओड़िसा / स्वतंत्र छत्तीसगढ़ डिजिटल डेस्क
हाइलाइट बॉक्स:
- गुप्त सूचना पर सोरलुकोंडा बैराज के पास रोका गया ट्रक
- 770 किलो गांजा बरामद, कीमत ₹80 लाख से अधिक
- चालक, सहायक और ट्रक मालिक — तीनों उत्तर प्रदेश के निवासी
- कंटेनर में चालक की सीट के पीछे बना था गुप्त कक्ष
गुप्त सूचना पर मलकानगिरी पुलिस की बड़ी कामयाबी
मलकानगिरी पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने एक कंटेनर ट्रक के अंदर बने गुप्त कक्ष से 770 किलोग्राम गांजा बरामद किया। यह कार्रवाई चित्रकोंडा के एसडीपीओ प्रदोष प्रधान के निर्देशन में की गई। उन्हें एक गुप्त सूचना मिली थी कि एक कंटेनर ट्रक के जरिए अवैध रूप से गांजा की तस्करी की जा रही है। सूचना मिलते ही उन्होंने ओरकेल पुलिस स्टेशन के आईआईसी धीरेन पटनायक और एसआई मिलन बरिहा को वाहनों की जांच के निर्देश दिए।

मलकानगिरी पुलिस ने कंटेनर ट्रक के गुप्त कक्ष से 770 किलो गांजा बरामद किया, जिसकी कीमत ₹80 लाख से अधिक बताई गई। कार्रवाई के दौरान तीन तस्करों को किया गया गिरफ्तार।
सोरलुकोंडा बैराज पर पकड़ा गया संदिग्ध ट्रक
पुलिस टीम ने सोरलुकोंडा बैराज के पास जांच अभियान शुरू किया। इसी दौरान कामबेड़ा की ओर से आ रहे एक कंटेनर ट्रक को रोका गया। जब पुलिस ने चालक से पूछताछ की तो उसने बताया कि ट्रक में जूट की बोरियाँ लदी हैं। लेकिन जांच के दौरान पुलिस अधिकारियों को वाहन से हल्की गांजे की गंध महसूस हुई। शक के आधार पर जब वाहन की गहन तलाशी ली गई तो चालक की सीट के पीछे एक गुप्त कक्ष मिला। इस कक्ष के अंदर से गांजे से भरी कुल 17 बोरियाँ बरामद की गईं।
अतिरिक्त तहसीलदार प्रशांत भात्रा ने मौके पर पहुंचकर जब्त किए गए गांजे का वजन कराया, जो 770 किलोग्राम पाया गया। पुलिस ने तत्काल तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
तीनों आरोपी उत्तर प्रदेश के रहने वाले
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में ट्रक चालक राज बहादुर (55) चित्रकूट जिले के गंदा गाँव का रहने वाला है। उसका सहायक जेम्स चौहान (45) बांदा जिले के साहब तालाब का निवासी है, जबकि ट्रक मालिक ऋतिक गुप्ता (25) बांदा जिले के ही पलारा गाँव का रहने वाला बताया गया है। तीनों आरोपी उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं और लंबे समय से इस अवैध कारोबार में शामिल बताए जा रहे हैं।
₹80 लाख से अधिक कीमत, उत्तर प्रदेश ले जाया जा रहा था गांजा
जांच अधिकारी अजीत सिंह बरिहा ने बताया कि आरोपी कामबेदा क्षेत्र से गांजा लादकर उत्तर प्रदेश ले जा रहे थे। पुलिस के मुताबिक जब्त किए गए गांजे की बाजार कीमत ₹80 लाख से अधिक है। आरोपी इस अवैध माल से भारी मुनाफा कमाने की योजना बना रहे थे। फिलहाल पुलिस संदिग्धों के मोबाइल फोन और कॉल डिटेल की जांच कर रही है ताकि पूरे नेटवर्क और इसके सरगना तक पहुंचा जा सके।
अदालत में पेश किए गए आरोपी, नेटवर्क पर जांच जारी
पुलिस ने तीनों तस्करों को गिरफ्तार करने के बाद आज स्थानीय अदालत में पेश किया। अधिकारियों ने कहा कि यह कार्रवाई जिले में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अभियान को और मजबूती देगी। फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इस नेटवर्क के पीछे कौन से बड़े तस्कर सक्रिय हैं और वे किन राज्यों में फैले हैं।
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