स्वतंत्र छत्तीसगढ़
इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के दौरान ऑनलाइन सट्टा कारोबार पर शिकंजा कसते हुए रायपुर कमिश्नरेट पुलिस ने देश के कई राज्यों में फैले बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) और पुलिस टीमों ने 72 घंटे तक चले विशेष ऑपरेशन में 5 बड़े ऑनलाइन सट्टा पैनल ध्वस्त करते हुए 26 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई में करीब 50 लाख रुपए मूल्य की नकदी और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए गए हैं।
हाईलाइट बॉक्स:
72 घंटे का मेगा ऑपरेशन
26 आरोपी गिरफ्तार
17.92 लाख रुपए नकद बरामद
59 मोबाइल, 4 लैपटॉप और कार जब्त
कोलकाता और गुरुग्राम तक पहुंची पुलिस टीम
IPL सीजन में अब तक 13 बड़े नेटवर्क ध्वस्त
कई राज्यों में फैला था ऑनलाइन सट्टा कारोबार
रायपुर पुलिस की जांच में सामने आया कि आरोपी LOTUS365, Goldenexch, Lion4, Naseeb Book, Grandexch और Powerexch जैसे ऑनलाइन पैनलों के जरिए IPL मैचों पर करोड़ों का सट्टा संचालित कर रहे थे। नेटवर्क का संचालन छत्तीसगढ़ के अलावा पश्चिम बंगाल, हरियाणा, महाराष्ट्र, बिहार और झारखंड तक फैला हुआ था।
यह कार्रवाई पुलिस उपायुक्त स्मृतिक राजानाला की निगरानी में की गई। पुलिस टीमों ने लगातार तकनीकी निगरानी और इनपुट के आधार पर अलग-अलग राज्यों में दबिश देकर आरोपियों को गिरफ्तार किया।
कमिश्नरेट सिस्टम लागू होने के बाद बड़ी कार्रवाई
रायपुर पुलिस के अनुसार कमिश्नरेट व्यवस्था लागू होने के बाद ऑनलाइन सट्टा मामलों में अब तक 18 केस दर्ज किए जा चुके हैं। इन मामलों में 100 आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। पुलिस ने करीब 4 करोड़ 29 लाख रुपए से अधिक की संपत्ति और सामग्री जब्त करने का दावा किया है।
IPL सीजन के दौरान अब तक 13 बड़े ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क ध्वस्त किए जा चुके हैं, जो पुलिस की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है।
कोलकाता से संचालित हो रहा था बड़ा पैनल
तेलीबांधा थाना पुलिस ने पहले नमन जग्गी, आयूप जैन और अंकित अग्रवाल को पकड़ा था। पूछताछ में कोलकाता से पैनल ऑपरेट होने का खुलासा हुआ। इसके बाद रायपुर पुलिस की टीम ने कोलकाता पहुंचकर रेड कार्रवाई की और 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया।
कार्रवाई में 35 मोबाइल फोन, 2 लैपटॉप और 8 लाख रुपए नकद बरामद किए गए। पुलिस के मुताबिक रायगढ़ जिले के खरसिया निवासी अमन नत्थानी इस नेटवर्क का मुख्य संचालक है, जो अपने सहयोगियों के साथ मिलकर पूरे गिरोह को चला रहा था।
गुरुग्राम में पेमेंट गेटवे के जरिए सट्टा कारोबार
न्यू राजेंद्र नगर थाना मामले में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस टीम हरियाणा के गुरुग्राम पहुंची। वहां से 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने उनके कब्जे से 14 मोबाइल और 2 लैपटॉप जब्त किए।,जांच में सामने आया कि गिरोह ऑनलाइन आईडी उपलब्ध कराने और पेमेंट गेटवे के जरिए करोड़ों रुपए का अवैध सट्टा कारोबार संचालित कर रहा था।
तिल्दा और मौदहापारा में भी छापेमारी
तिल्दा नेवरा क्षेत्र में NASEEB91 Book पैनल चलाने वाले गिरोह के 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। उनके पास से लगभग 9.92 लाख रुपए नकद बरामद हुए।,वहीं मौदहापारा थाना क्षेत्र में अमित जंघेल गिरोह के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 4 आरोपियों को पकड़ा गया। पुलिस का कहना है कि यह गिरोह श्रीनगर और गोवा से ऑनलाइन पैनल संचालित कर रहा था।
संपत्ति अटैच करने की तैयारी
पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव कुमार शुक्ला के निर्देश पर गिरफ्तार आरोपियों की चल और अचल संपत्तियों की जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस जल्द ही सट्टा नेटवर्क से जुड़ी संपत्तियों को अटैच करने की प्रक्रिया भी शुरू करेगी।,पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऑनलाइन सट्टा युवाओं को आर्थिक और सामाजिक रूप से नुकसान पहुंचा रहा है। इसी वजह से ऐसे नेटवर्क को पूरी तरह खत्म करने के लिए लगातार अभियान चलाया जाएगा।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम
तेलीबांधा थाना
प्रदीप पटेल, निसान हटिया, राहुल शुक्ला, दीपेश डलवानी, लखन थावरानी, आकाश सिंह राजपूत उर्फ छोटू, लिखेश्वर साहू, सुबोध राम, अमन नत्थानी, राम लालवानी।
न्यू राजेंद्र नगर थाना
सौरभ मुकीम, करण पिंजानी उर्फ किट्टू, शेख आसिफ, इमाम अहमद, भैरव कुमार, राजीव कुमार, सिकंदर यादव, रविंद्र कुमार, गुरदेव सिंह।
तिल्दा नेवरा थाना
राहुल फतनानी, गौतम पंजवानी, किशन उर्फ सोनू हिंदुजा।
मौदहापारा थाना
अजय उर्फ मोन्टू साहू, मुकेश जंघेल, अमित जंघेल, रवि डेंगवानी।


