स्वतंत्र छत्तीसगढ़ डिजिटल न्यूज़ डेस्क
हाइलाइट बॉक्स:
- केंद्र सरकार की साइबर एजेंसी CERT-In ने जारी की चेतावनी
- पुराने Chrome वर्ज़न में पाई गईं गंभीर सुरक्षा खामियाँ
- यूज़र्स को तुरंत नया वर्ज़न अपडेट करने की सलाह
- हैकर्स उठा सकते हैं निजी डेटा चुराने का फायदा
केंद्र ने Google Chrome यूज़र्स को किया अलर्ट
नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने लोकप्रिय वेब ब्राउज़र Google Chrome के यूज़र्स को चेतावनी जारी की है। कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पांस टीम (CERT-In) ने कहा है कि पुराने वर्ज़न में कुछ गंभीर सुरक्षा खामियाँ (Security Vulnerabilities) पाई गई हैं, जिनका फायदा उठाकर हैकर्स (Hackers) यूज़र्स की व्यक्तिगत जानकारी चुरा सकते हैं। इन खामियों के कारण यूज़र डेटा, बैंकिंग डिटेल्स और पासवर्ड्स तक खतरा पहुँच सकता है।
कौन से वर्ज़न हैं ख़तरे में
CERT-In के अनुसार, जिन यूज़र्स के पास 👉👉👉 59 से पहले का Linux वर्ज़न, 👉👉👉 59/60 से पहले का Windows वर्ज़न, और 👉👉👉 60 से पहले का Mac वर्ज़न है, उन्हें तुरंत अपना ब्राउज़र अपडेट करना चाहिए। विशेषज्ञों का कहना है कि नवीनतम वर्ज़न पर अपग्रेड (Chrome Update) करने से इन खतरों से बचा जा सकता है।
कैसे करें Chrome अपडेट
Chrome को अपडेट करने के लिए निम्नलिखित स्टेप्स फॉलो करें—
- अपने कंप्यूटर पर Google Chrome खोलें।
- ऊपर दाईं ओर तीन बिंदुओं (⋮) पर क्लिक करें।
- “Help” पर जाएं और “About Google Chrome” पर क्लिक करें।
- ब्राउज़र अपने आप अपडेट डाउनलोड करेगा।
- अपडेट पूरा होने के बाद “Relaunch” पर क्लिक करें।
इसके बाद आपका Chrome नवीनतम वर्ज़न पर अपडेट हो जाएगा।
साइबर अपराधियों से सावधान रहें
तकनीकी विशेषज्ञों ने बताया कि हाल के महीनों में साइबर अपराध (Cyber Crime) में तेज़ी आई है। अपराधी आम यूज़र्स से लेकर उच्च पदस्थ कर्मचारियों तक को निशाना बना रहे हैं। ऐसे में संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें, अनजान वेबसाइट्स से फाइल डाउनलोड न करें, और अपने ब्राउज़र व सिस्टम को नियमित रूप से अपडेट करते रहें।
यूज़र्स के लिए ज़रूरी सुझाव
- अपने सिस्टम में एंटीवायरस सॉफ्टवेयर ज़रूर इंस्टॉल करें।
- पासवर्ड्स को बार-बार बदलें और टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन का उपयोग करें।
- संदिग्ध ईमेल या वेबसाइट से बचें।
- Chrome, Windows और Mac सभी को नवीनतम वर्ज़न में अपडेट रखें।
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