रायपुर / छत्तीसगढ़
राज्यपाल रमेन डेका और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कृषि में नवाचार और तकनीक को बताया भविष्य की जरूरत |
हेडलाइंस
- इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय का 11वां दीक्षांत समारोह आयोजित
- 1800 से अधिक विद्यार्थियों को स्नातक, स्नातकोत्तर और पीएचडी उपाधियां प्रदान
- 13 स्वर्ण, 7 रजत और 2 कांस्य पदकों से मेधावी छात्र सम्मानित
- कृषि क्षेत्र में नई तकनीक और अनुसंधान पर जोर
- AI आधारित “IGKV Connect” ऐप का लोकार्पण
भव्य दीक्षांत समारोह में विद्यार्थियों को मिली उपाधियां
इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के 11वें दीक्षांत समारोह में शुक्रवार को 1800 से अधिक छात्र-छात्राओं को स्नातक, स्नातकोत्तर और पीएचडी की उपाधियां प्रदान की गईं। समारोह में 128 शोधार्थियों को पीएचडी, 518 विद्यार्थियों को स्नातकोत्तर तथा 1234 विद्यार्थियों को स्नातक की डिग्री दी गई।
इस अवसर पर मेधावी विद्यार्थियों को 13 स्वर्ण पदक, 7 रजत पदक और 2 कांस्य पदकों से सम्मानित किया गया। समारोह में रमेन डेका, विष्णु देव साय और रामविचार नेताम विशेष रूप से उपस्थित रहे।
राज्यपाल ने कृषि नवाचार को बताया विकसित भारत की कुंजी
दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए रमेन डेका ने कहा कि भारत में कृषि केवल आर्थिक गतिविधि नहीं बल्कि संस्कृति, परंपरा और करोड़ों लोगों की आजीविका का आधार है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण में कृषि स्नातकों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
राज्यपाल ने विद्यार्थियों से गांवों तक नई तकनीक, अनुसंधान और नवाचार पहुंचाने का आह्वान किया। उन्होंने प्राकृतिक खेती, दलहन और तिलहन उत्पादन बढ़ाने पर जोर देते हुए कहा कि कृषि को युवाओं के लिए अधिक लाभकारी और आकर्षक बनाना समय की जरूरत है।
मुख्यमंत्री ने दूसरी हरित क्रांति की दिशा में बताया अहम कदम
विष्णु देव साय ने कहा कि दीक्षांत समारोह केवल डिग्री प्राप्त करने का अवसर नहीं बल्कि जिम्मेदारी और नए जीवन की शुरुआत है। उन्होंने विश्वविद्यालय के अनुसंधान और कृषि विकास में योगदान की सराहना करते हुए कहा कि विश्वविद्यालय दूसरी हरित क्रांति का अग्रदूत बन सकता है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि विश्वविद्यालय अब तक विभिन्न फसलों की 160 से अधिक उन्नत किस्में और 100 से ज्यादा कृषि तकनीक विकसित कर चुका है। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन के प्रभावों से निपटने के लिए विशेष बीज और तकनीक विकसित करने पर भी कार्य किया जा रहा है।
युवाओं को खेती से जोड़ने की चुनौती पर चर्चा
रामविचार नेताम ने कहा कि राज्य में कृषि और उद्यानिकी क्षेत्र तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। नई तकनीकों और अनुसंधान के जरिए किसानों की आय बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने चिंता जताई कि युवाओं का खेती से जुड़ाव लगातार कम हो रहा है। ऐसे में कृषि को आधुनिक, तकनीकी और आर्थिक रूप से अधिक आकर्षक बनाना जरूरी है। सरकार धान के अलावा अन्य फसलों और कृषि प्रसंस्करण इकाइयों को भी बढ़ावा दे रही है।
AI आधारित “IGKV Connect” ऐप लॉन्च
विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. गिरीश चंदेल ने दीक्षांत प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए बताया कि विश्वविद्यालय ने एनआईआरएफ रैंकिंग में उल्लेखनीय सुधार करते हुए 39वें स्थान से 28वां स्थान हासिल किया है।
समारोह के दौरान विश्वविद्यालय द्वारा विकसित आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित चैटबॉट “IGKV Connect” ऐप का भी लोकार्पण किया गया। यह ऐप विद्यार्थियों को शैक्षणिक और तकनीकी जानकारी उपलब्ध कराने में मददगार साबित होगा।
ख़बरें और भी…


