नई दिल्ली : 16 मार्च 2025 (sc टीम )
केंद्र सरकार की प्रमुख स्वास्थ्य योजना आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (AB-PMJAY) के तहत बुजुर्गों को बड़ी राहत मिलने की संभावना है। संसद की एक समिति ने सरकार से सिफारिश की है कि इस योजना के तहत मुफ्त इलाज की पात्रता आयु 70 वर्ष से घटाकर 60 वर्ष कर दी जाए। इसके साथ ही, 5 लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज की सीमा को बढ़ाकर 10 लाख रुपये करने का भी सुझाव दिया गया है।
संसद समिति की सिफारिशें:
राज्यसभा सांसद राम गोपाल यादव की अध्यक्षता वाली स्वास्थ्य और परिवार कल्याण समिति ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि बुजुर्गों को उनकी सामाजिक और आर्थिक स्थिति पर विचार किए बिना इस योजना का लाभ मिलना चाहिए। समिति का मानना है कि स्वास्थ्य सुविधाएं बढ़ाने से वरिष्ठ नागरिकों को बड़ा सहारा मिलेगा।
क्या है आयुष्मान भारत योजना?
2017 में शुरू की गई आयुष्मान भारत योजना दुनिया की सबसे बड़ी स्वास्थ्य बीमा योजना मानी जाती है। इस योजना के तहत देश के सबसे गरीब 40 प्रतिशत परिवारों को सरकारी और चयनित निजी अस्पतालों में 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज मिलता है। अब तक इस योजना से 5.5 करोड़ से अधिक लोग लाभान्वित हो चुके हैं।
योजना की प्रमुख विशेषताएँ:
- भर्ती से पहले और बाद के 10 दिन तक का खर्च कवर
- पुरानी बीमारियों का भी इलाज शामिल
- ऑपरेशन, जांच, दवाइयाँ और एंबुलेंस खर्च शामिल
- देशभर के चयनित सरकारी और निजी अस्पतालों में इलाज की सुविधा
दिल्ली में जल्द लागू होगी योजना:
दिल्ली सरकार और राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (NHA) के बीच 18 मार्च को एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। इसके साथ ही दिल्ली आयुष्मान भारत योजना को अपनाने वाला 35वां राज्य/केंद्र शासित प्रदेश बन जाएगा।
भ्रष्टाचार और भुगतान में देरी बनी चुनौती:
हालांकि, कई राज्यों में इस योजना के तहत भ्रष्टाचार और भुगतान में देरी की शिकायतें सामने आई हैं। छत्तीसगढ़ सहित कुछ राज्यों में अस्पतालों द्वारा फर्जीवाड़ा करने के मामले सामने आए हैं, जिससे जरूरतमंद लोगों को सही लाभ नहीं मिल पा रहा है। इसके अलावा, केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा अस्पतालों को समय पर भुगतान न मिलने से कई निजी अस्पताल योजना के तहत इलाज करने से मना कर देते हैं।
बुजुर्गों को होगा सीधा फायदा:
अगर सरकार समिति की सिफारिशों को मान लेती है, तो देशभर में 60 वर्ष या उससे अधिक उम्र के बुजुर्गों को मुफ्त इलाज की सुविधा मिलेगी और 5 लाख की जगह 10 लाख रुपये तक का इलाज कवर होगा। इससे बुजुर्गों के लिए गंभीर बीमारियों का इलाज कराना आसान हो जाएगा। अब यह देखना होगा कि सरकार इस सिफारिश को कब तक लागू करती है और स्वास्थ्य सेवा में सुधार के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।