कोरबा: 12 मार्च 2025 (Sc टीम)
शहर में अपराधियों के हौसले बुलंद होते जा रहे हैं। घंटाघर से महाराणा प्रताप चौक बुधवारी की ओर आने वाले मार्ग पर बीते शुक्रवार को दिनदहाड़े नागरिक आपूर्ति निगम के खाद्यान्न परिवहनकर्ता के कार का शीशा तोड़कर डेढ़ लाख रुपये की उठाईगिरी करने वाले आरोपी अब तक पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। घटना के 5 दिन बीत जाने के बावजूद अपराधियों की गिरफ्तारी न होने से पीड़ित परिवहनकर्ता पुलिस की कार्यप्रणाली से असंतुष्ट नजर आ रहे हैं।
कैसे हुआ वारदात को अंजाम?
तुलसी नगर निवासी शैलेंद्र शर्मा, जो खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम कोरबा में खाद्यान्न परिवहन का कार्य करते हैं, उन्होंने बुधवार को टीपी नगर स्थित IDBI बैंक से 2 लाख रुपये निकाले थे। इसमें से 50,000 रुपये उन्होंने निहारिका के एक व्यापारी को भुगतान कर दिए और बाकी 1.50 लाख रुपये एक बैग में रखकर कार में छोड़ दिए। शुक्रवार को किसी कार्य से वे बजाज कॉम्प्लेक्स स्थित दुकान में गए। उसी दौरान दोपहर करीब 1:30 बजे घंटाघर की ओर से आई एक बाइक पर सवार दो बदमाशों में से एक ने कार का कांच तोड़ा और बैग उठाकर फरार हो गया।
अब तक क्यों नहीं हुई गिरफ्तारी?
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। बैंक के सीसीटीवी फुटेज के आधार पर कुछ संदिग्धों को चिह्नित भी किया गया, लेकिन आज तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी। यह संदेह जताया जा रहा है कि अपराधियों ने बैंक से ही पीड़ित का पीछा किया होगा।
पीड़ित ने पुलिस पर उठाए सवाल:
श्री शर्मा ने दिनदहाड़े हुई इस घटना से शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे अपराधियों का पकड़ा न जाना जनमानस में असुरक्षा एवं अविश्वास की भावना को जन्म दे रहा है। इस घटना के कारण वे अपने मजदूरों को भुगतान तक नहीं कर पा रहे हैं, जिससे उनका व्यवसाय भी प्रभावित हो रहा है।
जल्द गिरफ्तारी की मांग:
श्री शर्मा ने जिला पुलिस अधीक्षक से मामले में त्वरित कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि यदि जल्द अपराधियों को नहीं पकड़ा गया, तो शहर में कानून व्यवस्था को लेकर आमजन में आक्रोश बढ़ सकता है। पुलिस को चाहिए कि वह इस मामले को गंभीरता से लेते हुए अपराधियों को जल्द गिरफ्तार कर जनता को सुरक्षा का भरोसा दिलाए।
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