‘इन्वेस्ट महाराष्ट्र’ के मंच से प्रणव अडानी ने ऊर्जा, विमानन और शहरी विकास को लेकर रखी समूह की योजनाएं
मुंबई के विस्तार से लेकर धारावी पुनर्विकास तक कई क्षेत्रों में निवेश का दावा
मुंबई। महाराष्ट्र में बड़े पैमाने पर औद्योगिक और बुनियादी ढांचा विकास को लेकर अडानी समूह ने 6 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश की प्रतिबद्धता जताई है। ‘इन्वेस्ट महाराष्ट्र’ कार्यक्रम में अडानी एंटरप्राइजेज लिमिटेड के निदेशक प्रणव अडानी ने कहा कि राज्य निवेशकों की योजनाओं को जमीन पर तेजी से लागू करने के लिए मजबूत व्यवस्था तैयार कर रहा है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा अजीत पवार की मौजूदगी में उन्होंने कहा कि अडानी समूह महाराष्ट्र के औद्योगिक विकास के साथ आम नागरिकों के लिए बेहतर सुविधाएं विकसित करने की दिशा में काम करने के लिए प्रतिबद्ध है।
6 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा के निवेश का दावा
प्रणव अडानी के अनुसार, दावोस में विश्व आर्थिक मंच और महाराष्ट्र सरकार के साथ हुई साझेदारियों के माध्यम से समूह ने ऊर्जा, विमानन, एयरो-डिस्ट्रिक्ट, शहरी पुनर्विकास, डेटा सेंटर और कोल गैसीफिकेशन जैसे क्षेत्रों में 6 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश का वादा किया है। उन्होंने बताया कि करीब 2.6 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाएं पहले ही पूरी हो चुकी हैं या उन पर काम चल रहा है। उन्होंने इसे ‘मुंबई 3.0’ की दिशा में समूह का योगदान बताते हुए बेहतर कनेक्टिविटी, संतुलित विकास और व्यापक महानगरीय क्षेत्र तैयार करने पर जोर दिया।
विमानन और ऊर्जा क्षेत्र में भी बड़े प्रोजेक्ट
अडानी समूह की महाराष्ट्र में विमानन क्षेत्र से जुड़ी गतिविधियों का भी उल्लेख किया गया। समूह छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के संचालन के साथ नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के विकास पर काम कर रहा है। प्रणव अडानी के मुताबिक, नवी मुंबई का नया हवाई अड्डा भविष्य में सालाना 9 करोड़ से अधिक यात्रियों को संभालने में सक्षम हो सकता है। दोनों हवाई अड्डों के आसपास एकीकृत विमानन और आतिथ्य क्षेत्र विकसित करने की योजना भी बताई गई है, जिससे परिवहन, व्यापार और शहरी गतिविधियों को बढ़ावा देने का लक्ष्य है।
ऊर्जा क्षेत्र में अडानी इलेक्ट्रिसिटी मुंबई के माध्यम से 30 लाख से अधिक घरों और संस्थानों को बिजली आपूर्ति किए जाने की जानकारी दी गई। समूह के अनुसार, उसकी बिजली आपूर्ति में 60 प्रतिशत से अधिक हिस्सा नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों से आता है। मुंबई तक हरित ऊर्जा की आपूर्ति को मजबूत करने के लिए 1,000 मेगावाट क्षमता वाली उच्च वोल्टेज डायरेक्ट करंट पारेषण प्रणाली का भी उल्लेख किया गया। इसके साथ ही महाराष्ट्र में पंप-स्टोरेज जलविद्युत परियोजनाओं के विकास की योजना बताई गई है।
धारावी पुनर्विकास में ‘लोग पहले’ दृष्टिकोण का दावा
धारावी पुनर्विकास परियोजना को लेकर प्रणव अडानी ने कहा कि बुनियादी ढांचा विकास में मानवीय संवेदनाओं को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। उनके अनुसार, परियोजना में लोगों की गरिमा, आधुनिक आवास, छोटे कारोबारों के औपचारिकरण और सुरक्षित पुनर्वास पर ध्यान दिया जा रहा है। समूह का दावा है कि धारावी को एक जीवंत और एकीकृत आर्थिक केंद्र के रूप में विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है, जबकि वहां के समुदाय की सामाजिक और आर्थिक संरचना को भी ध्यान में रखा जाएगा।
महाराष्ट्र के साथ अडानी समूह की साझेदारी को कई दशक पुराना बताते हुए उन्होंने कहा कि मौजूदा निवेश प्रतिबद्धताएं राज्य में औद्योगिक और बुनियादी ढांचे के विकास को गति देने की दिशा में हैं। महाराष्ट्र सरकार ने वर्ष 2030 तक एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने का लक्ष्य रखा है, जिसमें मुंबई महानगरीय क्षेत्र की महत्वपूर्ण भूमिका मानी जा रही है।


