चिरमिरी / मनेन्द्रगढ़
भगवान जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने पेयजल, प्रसाद वितरण, स्वच्छता और भीड़ प्रबंधन में निभाई सक्रिय भूमिका
मुख्य बातें
- चिरमिरी में श्रद्धा और उत्साह के साथ निकली भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा।
- अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने विभिन्न सेवा कार्यों में निभाई महत्वपूर्ण भूमिका।
- पेयजल, प्रसाद वितरण, स्वच्छता और भीड़ प्रबंधन में दिया सहयोग।
- सेवा, संस्कार और राष्ट्र निर्माण का दिया संदेश।
चिरमिरी। भगवान श्रीजगन्नाथ की पावन रथयात्रा 2026 श्रद्धा, आस्था और सांस्कृतिक उल्लास के बीच भव्य रूप से संपन्न हुई। इस अवसर पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने सेवा, संस्कार और सामाजिक समर्पण का परिचय देते हुए श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विभिन्न सेवा कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभाई। पूरे आयोजन के दौरान परिषद के कार्यकर्ताओं ने निस्वार्थ भाव से सेवाएं देकर भारतीय संस्कृति के सेवा भाव और सामाजिक उत्तरदायित्व का संदेश दिया।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए संभाली कई जिम्मेदारियां
रथयात्रा के दौरान परिषद के कार्यकर्ताओं ने पेयजल एवं प्रसाद वितरण, भीड़ प्रबंधन, यात्रा मार्ग पर श्रद्धालुओं की सहायता, स्वच्छता व्यवस्था और अन्य आवश्यक सेवाओं का जिम्मा संभाला। अनुशासन और समर्पण के साथ किए गए इन कार्यों ने आयोजन को सुचारु बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। परिषद के कार्यकर्ताओं ने युवाओं को समाज सेवा के प्रति प्रेरित करते हुए सेवा को भारतीय संस्कृति की सबसे बड़ी पहचान बताया।
रथयात्रा से दिया सामाजिक समरसता का संदेश
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के अनुसार भगवान श्रीजगन्नाथ की रथयात्रा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता, लोककल्याण और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक है। इस महापर्व के माध्यम से समाज के सभी वर्ग प्रेम, सहयोग, समानता और सेवा के भाव से एकजुट होते हैं। परिषद का मानना है कि ऐसे आयोजनों में युवाओं की सहभागिता उन्हें अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने के साथ-साथ राष्ट्र और समाज के प्रति उनके दायित्व का भी बोध कराती है।
ज्ञान, शील और एकता के मूल्यों पर आगे बढ़ रहा अभाविप
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने कहा कि संगठन अपने स्थापना काल से ही “ज्ञान-शील-एकता” के आदर्शों के साथ विद्यार्थियों में राष्ट्रभक्ति, चरित्र निर्माण, सामाजिक चेतना और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का कार्य कर रहा है। परिषद समय-समय पर पर्यावरण संरक्षण, रक्तदान, आपदा राहत, सामाजिक जागरूकता और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से समाजहित के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाती रही है। रथयात्रा के दौरान किए गए सेवा कार्यों के माध्यम से भी परिषद ने सेवा, सहयोग और राष्ट्र निर्माण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
भविष्य में भी समाज सेवा का रहेगा संकल्प
परिषद ने रथयात्रा के सफल आयोजन के लिए सभी श्रद्धालुओं, स्थानीय नागरिकों और आयोजन समिति के प्रति आभार व्यक्त किया। साथ ही संकल्प दोहराया कि भविष्य में भी “छात्र शक्ति – राष्ट्र शक्ति” के मूल मंत्र के साथ सेवा, संस्कार और संगठन के माध्यम से समाजहित एवं राष्ट्रहित के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाई जाएगी और युवाओं को भारतीय संस्कृति तथा सामाजिक दायित्वों से जोड़ने का अभियान निरंतर जारी रहेगा।
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